ㅤㅤहिंदी के अध्यापक मिश्रा जी सायकल की दुकान पे हवा भरवाने पहुँचे ?
ㅤㅤ
ㅤㅤमिश्रा जी :ㅤㅤलो भाई ! अगले पहिये में हवा डाल दो थोड़ी कम है ?
ㅤㅤ
ㅤㅤदुकानदार :ㅤㅤमास्साब ! आप तो हिंदी के टीचर हो जरा शुद्ध हिंदी में बताओ तो जाने के आप हमारे बच्चों को कितना अच्छे से हिंदी पढ़ाते हो.
ㅤㅤ
ㅤㅤमिश्राजी :ㅤㅤप्रथम तो ये, क़ि मुझे शिक्षक उदबोधित् कीजिये टीचर नहीं अब हे!! नस्तरनुमा
लौह गुमठि में विराजमान द्विचक्र वाहिनी सुधारक, मेरी द्विचक्र वाहिनी के अग्रिम चक्र से कुछ वायु
निगमन कर गयी है, कृप्या अपने वायु पोषक यंत्र से अग्रिम चक्र में थोड़ी वायु प्रविष्ट करने की कृपा करें, ताकि मैं नियत समय पर पहुँच कर, आप जैसे मूढ़मति पिता के ज्ञानरिक्त मस्तिष्क लिये बैठे पुत्रों के मस्तिष्क में ज्ञान की प्रविष्टि करने की अपनी दैनिक क्रिया को पूर्ण कर सकूँ ?
ㅤㅤ
ㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤदुकानदार बेहोश :P
ㅤㅤ
ㅤㅤमिश्रा जी :ㅤㅤलो भाई ! अगले पहिये में हवा डाल दो थोड़ी कम है ?
ㅤㅤ
ㅤㅤदुकानदार :ㅤㅤमास्साब ! आप तो हिंदी के टीचर हो जरा शुद्ध हिंदी में बताओ तो जाने के आप हमारे बच्चों को कितना अच्छे से हिंदी पढ़ाते हो.
ㅤㅤ
ㅤㅤमिश्राजी :ㅤㅤप्रथम तो ये, क़ि मुझे शिक्षक उदबोधित् कीजिये टीचर नहीं अब हे!! नस्तरनुमा
लौह गुमठि में विराजमान द्विचक्र वाहिनी सुधारक, मेरी द्विचक्र वाहिनी के अग्रिम चक्र से कुछ वायु
निगमन कर गयी है, कृप्या अपने वायु पोषक यंत्र से अग्रिम चक्र में थोड़ी वायु प्रविष्ट करने की कृपा करें, ताकि मैं नियत समय पर पहुँच कर, आप जैसे मूढ़मति पिता के ज्ञानरिक्त मस्तिष्क लिये बैठे पुत्रों के मस्तिष्क में ज्ञान की प्रविष्टि करने की अपनी दैनिक क्रिया को पूर्ण कर सकूँ ?
ㅤㅤ
ㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤㅤदुकानदार बेहोश :P
No comments:
Post a Comment